बनीखेत में बिजली-पानी की भारी किल्लत, बुनियादी सुविधाओं के लिए लोग बेहाल

डलहौजी/चम्बा, 25 मई मुकेश कुमार (गोल्डी)
उपमंडल डलहौजी के अंतर्गत आने वाले प्रमुख क्षेत्र बनीखेत में इन दिनों बिजली और पानी जैसी मूलभूत सुविधाओं की भारी किल्लत से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। क्षेत्रवासी लगातार हो रही बिजली कटौती और अनियमित जलापूर्ति से बेहद परेशान हैं, लेकिन संबंधित विभाग पूरी तरह मौन हैं, मानो किसी चमत्कार की प्रतीक्षा कर रहे हों।स्थानीय लोगों के अनुसार, बीते 15 घंटों से क्षेत्र में बिजली आपूर्ति पूरी तरह बाधित रही है, जिससे विद्यार्थियों की पढ़ाई के साथ-साथ घरेलू कार्यों में भी भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामवासी विजय, सूरज, अजय, नितिन, शालू, ओंकार, काका, कस्तूरी, शकुंतला, विमला और सुनीता ने बताया कि बार-बार बिजली कटने से उनका दैनिक जीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।

स्थानीय दुकानदारों ने भी चिंता जताई है कि बिजली कटौती के कारण फ्रिज में रखा सामान जैसे आइसक्रीम और अन्य खाद्य पदार्थ खराब हो रहे हैं। इससे उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। वहीं, विद्युत विभाग बार-बार अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ता नजर आ रहा है।बिजली के साथ-साथ पानी की समस्या भी बनीखेत में विकराल रूप धारण कर चुकी है। मुख्य बाजार, धोबी मोहल्ला, बस अड्डा, पद्दर क्षेत्र में लोगों को एक-एक बूंद पानी के लिए तरसना पड़ रहा है। जल शक्ति विभाग द्वारा दावा किया जा रहा है कि दूसरे या तीसरे दिन पानी उपलब्ध करवाया जा रहा है, लेकिन जमीनी हकीकत इससे कहीं अलग है।

लगातार गर्मी के चलते प्राकृतिक जल स्रोत सूख रहे हैं, जिससे जल संकट और गहरा गया है।स्थानीय लोग सवाल कर रहे हैं कि सरकार द्वारा करोड़ों रुपये की पेयजल योजनाएं जिनका वादा वर्षों पहले किया गया था, वे कब धरातल पर उतरेंगी? आम जनता कब तक बुनियादी सुविधाओं के लिए तरसती रहेगी?जनता की परेशानी और विभागों की चुप्पी ने सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। क्षेत्रवासी उम्मीद कर रहे हैं कि प्रशासन जल्द से जल्द इन समस्याओं का स्थायी समाधान निकाले ताकि आम जनजीवन सामान्य हो सके।