विधानसभा क्षेत्र डलहौजी के विधायक डीएस ठाकुर ने बजट में जिला चंबा की अनदेखी पर जताई नाराजगी

डलहौजी/चंबा 20 मार्च मुकेश कुमार (गोल्डी)
हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा पेश किए गए हालिया बजट को लेकर विधानसभा क्षेत्र डलहौजी के विधायक डीएस ठाकुर ने कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार जिला चंबा की लगातार अनदेखी कर रही है और इस बार के बजट में भी इस जिले को कोई विशेष तवज्जो नहीं दी गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और पर्यटन जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों को लेकर बजट में कोई ठोस प्रावधान नहीं किया गया, जिससे किसान, बागवान, व्यापारी और अन्य वर्गों के लोग खुद को ठगा सा महसूस कर रहे हैं।
शिक्षा क्षेत्र में भारी कमी
विधायक ठाकुर ने शिक्षा व्यवस्था को लेकर सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि डलहौजी विधानसभा क्षेत्र के अधिकांश सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की भारी कमी है, जिससे विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने इस मुद्दे पर कभी भी गंभीरता नहीं दिखाई और स्कूलों में पर्याप्त स्टाफ उपलब्ध कराने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए।उन्होंने यह भी याद दिलाया कि हाल ही में शिक्षा मंत्री ने विधानसभा क्षेत्र डलहौजी का विशेष दौरा किया था और तेलका में शिक्षा सुधार को लेकर बड़े वादे किए थे। लेकिन अब तक उन वादों पर कोई अमल नहीं हुआ है, जिससे स्थानीय जनता में निराशा व्याप्त है। उन्होंने कहा कि स्टाफ की कमी के कारण कई गरीब बच्चों को पढ़ाई छोड़नी पड़ रही है, जबकि कुछ बच्चे मजबूरी में कर्ज लेकर अन्य स्थानों पर शिक्षा प्राप्त करने जा रहे हैं।
स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाली
स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर भी विधायक डीएस ठाकुर ने सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जिला चंबा में स्वास्थ्य सुविधाओं की हालत बेहद खराब है। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों और अस्पतालों में आवश्यक चिकित्सा सुविधाओं की भारी कमी है, जिससे स्थानीय लोगों को इलाज के लिए दूसरे जिलों की ओर रुख करना पड़ता है।डलहौजी जैसे प्रसिद्ध पर्यटन स्थल में भी उचित स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध नहीं हैं, जिससे न केवल स्थानीय लोग बल्कि सैलानियों को भी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने सरकार से मांग की कि जिला चंबा के स्वास्थ्य केंद्रों की दशा सुधारने के लिए तुरंत प्रभाव से आवश्यक कदम उठाए जाएं।
रोजगार के अवसरों की कमी
विधायक ने यह भी कहा कि बजट में जिला चंबा में रोजगार सृजन को लेकर कोई विशेष प्रावधान नहीं किया गया है। उन्होंने कहा कि इस जिले के युवा रोजगार के अभाव में पलायन करने को मजबूर हैं, लेकिन सरकार ने इस समस्या पर ध्यान नहीं दिया। उन्होंने मांग की कि स्थानीय युवाओं के लिए स्वरोजगार और अन्य रोजगार के अवसर बढ़ाने हेतु ठोस नीति बनाई जाए।
पर्यटन विकास की अनदेखी
डलहौजी पर्यटन नगरी के रूप में देशभर में प्रसिद्ध है, लेकिन सरकार ने पर्यटन विकास को लेकर कोई ठोस पहल नहीं की। विधायक डीएस ठाकुर ने कहा कि यदि डलहौजी में पर्यटन सुविधाओं का विस्तार किया जाए तो इससे न केवल स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी, बल्कि रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे। लेकिन बजट में पर्यटन विकास को लेकर कोई उल्लेख नहीं किया गया, जिससे साफ पता चलता है कि प्रदेश सरकार जिला चंबा को प्राथमिकता नहीं देना चाहती।
सरकार पर सौतेले व्यवहार का आरोप
विधायक ने प्रदेश सरकार पर जिला चंबा के साथ सौतेला व्यवहार करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि यह कोई नई बात नहीं है, बल्कि वर्षों से जिला चंबा को बजट में अनदेखा किया जाता रहा है। उन्होंने कहा कि यह जिला पर्यटन, कृषि और व्यापार की अपार संभावनाओं से भरा हुआ है, लेकिन सरकार की उदासीनता के कारण यहां के लोग विकास से वंचित रह जाते हैं।उन्होंने सरकार से मांग की कि जिला चंबा के विकास को लेकर ठोस योजनाएं बनाई जाएं और शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और पर्यटन क्षेत्रों में सुधार के लिए तुरंत प्रभाव से कदम उठाए जाएं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने जल्द इस पर ध्यान नहीं दिया तो जिला चंबा की जनता अपने हक की लड़ाई के लिए सड़कों पर उतरने से भी पीछे नहीं हटेगी।