अंतरराष्ट्रीय मिंजर मेला 2025 की तैयारियों को लेकर बैठक आयोजित, 27 जुलाई से शुरू होगा ऐतिहासिक मेला

चंबा, 7 जुलाई मुकेश कुमार( गोल्डी)
जिला चंबा की पहचान और सांस्कृतिक धरोहर अंतरराष्ट्रीय मिंजर मेला 2025 की तैयारियों को लेकर सोमवार को बचत भवन, चंबा में एक समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक की अध्यक्षता हिमाचल प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने की। बैठक में मेला आयोजन से संबंधित विभिन्न व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई। विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि मिंजर मेला चंबा की एतिहासिक, धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान है, जो देश-विदेश में जिले की विशेष छवि प्रस्तुत करता है। यह मेला न केवल समृद्ध परंपराओं और संस्कृति का प्रतीक है, बल्कि विभिन्न वर्गों के बीच भाईचारे और मेल-जोल को भी दर्शाता है। उन्होंने कहा कि मेले के मूल स्वरूप और पारंपरिक सांस्कृतिक पहचान को बनाए रखना हम सभी की जिम्मेदारी है।इस अवसर पर उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मेला अवधि के दौरान सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त रहें और किसी प्रकार की लापरवाही न हो। उन्होंने मेला आयोजन को सफल, सुरक्षित और शांतिपूर्ण बनाने हेतु समन्वित प्रयास करने को कहा।

बैठक में जानकारी दी गई कि इस वर्ष मिंजर मेला 27 जुलाई से 3 अगस्त 2025 तक चौगान मैदान नंबर-1 में आयोजित किया जाएगा। व्यापारिक गतिविधियां 15 दिनों तक चलेंगी। आठ सांस्कृतिक संध्याएं आयोजित की जाएंगी, जिनमें चार हिमाचली, दो पंजाबी और दो बॉलीवुड प्रस्तुतियां होंगी। पर्यावरण विभाग द्वारा एक सांस्कृतिक संध्या को मध्यरात्रि 12 बजे तक आयोजित करने की अनुमति प्रदान की गई है, जबकि अन्य कार्यक्रम रात्रि 10 बजे तक संपन्न किए जाएंगे।विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि हिमाचली कलाकारों को अधिक मंच प्रदान कर स्थानीय संस्कृति की समृद्ध झलक प्रस्तुत की जाए। उन्होंने चंबा वासियों को मेले की अग्रिम शुभकामनाएं भी दीं।बैठक में विधायक नीरज नैयर, उपायुक्त मुकेश रेपसवाल, एसपी अभिषेक यादव, एडीएम अमित मेहरा, एसडीएम पारस अग्रवाल व अनिल भारद्वाज, लोक निर्माण, जल शक्ति, विद्युत, स्वास्थ्य, शिक्षा, परिवहन एवं भाषा विभाग के अधिकारी व मेला समितियों के संयोजक तथा सदस्य उपस्थित रहे। सभी ने मेला आयोजन को सफल बनाने के लिए समर्पित भाव से कार्य करने का आश्वासन दिया।