हिमाचल में 108-102 एम्बुलेंस कर्मचारियों की हड़ताल, स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित

शिमला 08 अप्रैल चंबा न्यूज़ एक्सप्रेस (ब्यूरो)
हिमाचल प्रदेश में 108 और 102 एम्बुलेंस सेवाओं को संचालित करने वाले कर्मचारियों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर 5 अप्रैल से पांच दिवसीय हड़ताल 11 अप्रैल तक जारी रहेगी। हड़ताल के पहले दिन प्रदेशभर से सैकड़ों कर्मचारी शिमला पहुंचे और छोटा शिमला स्थित सचिवालय के बाहर महापड़ाव पर बैठ गए।इस प्रदेशव्यापी हड़ताल के चलते विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में एम्बुलेंस सेवाएं बुरी तरह प्रभावित हुई हैं, जिससे स्वास्थ्य सेवाओं पर भी प्रतिकूल असर पड़ा है। आपातकालीन परिस्थितियों में मरीजों को समय पर सहायता नहीं मिल पा रही है।

यूनियन ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों को जल्द नहीं माना गया, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।धरने को संबोधित करते हुए सीटू प्रदेशाध्यक्ष विजेंद्र मेहरा, महासचिव प्रेम गौतम, कोषाध्यक्ष जगत राम, यूनियन अध्यक्ष सुनील कुमार और महासचिव बालक राम ने आरोप लगाया कि नेशनल हेल्थ मिशन (NHM) के तहत मेडस्वान फाउंडेशन के अधीन कार्यरत पायलट, कैप्टन और ईएमटी कर्मचारियों का लंबे समय से शोषण किया जा रहा है।यूनियन नेताओं के अनुसार कर्मचारियों को सरकार द्वारा निर्धारित न्यूनतम वेतन तक नहीं दिया जा रहा, जबकि उनसे प्रतिदिन 12 घंटे तक काम लिया जाता है,ओवरटाइम का भुगतान भी नहीं किया जाता।

उन्होंने कहा कि उच्च न्यायालय, लेबर कोर्ट और श्रम विभाग के आदेशों के बावजूद भी स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ है।इसके अलावा, कर्मचारियों ने मानसिक उत्पीड़न, जबरन तबादले, अवकाश न मिलने और बिना कारण ड्यूटी से हटाए जाने जैसे गंभीर आरोप भी लगाए। ईपीएफ और ईएसआई में अनियमितताओं का मुद्दा उठाते हुए यूनियन ने कहा कि दोनों अंशदान कर्मचारियों से ही वसूले जा रहे हैं, जो श्रम कानूनों का उल्लंघन है।यूनियन ने पूर्व में जीवीके ईएमआरआई के तहत कार्यरत कर्मचारियों के बकाया भुगतान, ग्रेच्युटी और एरियर की मांग भी उठाई। कर्मचारियों ने स्पष्ट किया कि मांगें पूरी न होने पर आंदोलन को और उग्र रूप दिया जाएगा।
