मैहला घार में लैंडस्लाइड मिटिगेशन कार्य के चलते 31 मार्च तक यातायात आंशिक रूप से रहेगा नियंत्रित

चम्बा 07 मार्च मुकेश कुमार (गोल्डी)
जिला दंडाधिकारी मुकेश रेपसवाल ने राष्ट्रीय उच्च मार्ग-154ए चक्की-चंबा-भरमौर मार्ग के अंतर्गत मैहला घार क्षेत्र में चल रहे भूस्खलन रोकथाम (लैंडस्लाइड मिटिगेशन) कार्यों को ध्यान में रखते हुए वाहनों की आवाजाही को अस्थायी रूप से नियंत्रित करने के आदेश जारी किए हैं। यह आदेश जनहित और यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए 31 मार्च 2026 तक प्रभावी रहेंगे।जिला दंडाधिकारी ने मोटर वाहन अधिनियम, 1988 की धारा 115 के तहत प्राप्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए यह निर्णय लिया है। जारी आदेशों के अनुसार प्रतिदिन प्रातः 6 बजे से सायं 6 बजे तक कार्य के दौरान आवश्यकता के अनुसार प्रति घंटे लगभग 25 से 30 मिनट तक वाहनों की आवाजाही को अस्थायी रूप से रोका (होल्ड) जाएगा। इस दौरान सड़क पर चल रहे निर्माण एवं भूस्खलन रोकथाम कार्यों को सुरक्षित तरीके से पूरा किया जाएगा।प्रशासन द्वारा बताया गया है कि लोक निर्माण विभाग के राष्ट्रीय उच्च मार्ग प्रभाग चंबा की ओर से इस मार्ग पर जारी लैंडस्लाइड मिटिगेशन कार्यों के संबंध में जिला प्रशासन को अवगत करवाया गया था। सड़क की स्थिति और कार्य के दौरान संभावित खतरे को देखते हुए यात्रियों और वाहन चालकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए यातायात को नियंत्रित करने का निर्णय लिया गया है।जिला दंडाधिकारी द्वारा जारी आदेशों में यह भी स्पष्ट किया गया है कि आपातकालीन सेवाओं से जुड़े वाहनों को इस प्रतिबंध से मुक्त रखा गया है। एंबुलेंस, अग्निशमन विभाग और पुलिस के वाहनों को किसी भी प्रकार की रोक-टोक के बिना तत्काल आवागमन की अनुमति दी जाएगी, ताकि आपात स्थितियों में राहत एवं बचाव कार्यों में कोई बाधा न आए।प्रशासन ने वाहन चालकों और आम जनता से अपील की है कि वे निर्धारित समय और यातायात व्यवस्था का पालन करें तथा मौके पर तैनात पुलिस व संबंधित विभागों के कर्मचारियों के निर्देशों का सहयोग करें, ताकि कार्य सुरक्षित और समयबद्ध तरीके से पूरा हो सके।