भारी बारिश से प्रभावित भरूडी़ व क्कैना के लोगों ने मंत्री विक्रमादित्य सिंह को सौंपा ज्ञापन

डलहौजी/चंबा, 30 अगस्त मुकेश कुमार (गोल्डी)
उपमंडल डलहौजी की ग्राम पंचायत शेरपुर के अंतर्गत आने वाले गांव भरूडी़ और क्कैना के लोग हाल ही में हुई भारी बारिश से हुए नुकसानों को लेकर गंभीर चिंता में हैं। ग्रामीणों ने अपनी समस्याओं और डर को लेकर बीते कल लोक निर्माण विभाग मंत्री विक्रमादित्य सिंह से भेंट की। यह मुलाकात एनएच 154-ए पर स्थित जीरो पॉइंट पर हुई, जहां शिव शक्ति युथ क्लब के अध्यक्ष प्रवीण टंडन के नेतृत्व में ग्रामीणों ने एक ज्ञापन सौंपा और विस्तार से अपनी व्यथा बताई।गौरतलब है कि इन दोनों गांवों में भारी बारिश के कारण खेत-खलिहानों और घरों की नींवों में बड़ी-बड़ी दरारें पड़ गई हैं।

ग्रामीणों का कहना है कि यह स्थिति पहली बार नहीं बनी है। बल्कि गत वर्ष भी ऐसे ही हालात बने थे और उस समय भी उन्होंने स्थानीय प्रशासन को पूरी तरह अवगत करवाया था। लेकिन एक साल बीत जाने के बावजूद कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। परिणामस्वरूप इस वर्ष फिर से ग्रामीणों को असुरक्षित माहौल में रहना पड़ रहा है। डर के साए में गांववासियों को दिन गुजारने पड़ रहे हैं और उनकी आजीविका भी प्रभावित हो रही है।शिव शक्ति युथ क्लब के अध्यक्ष प्रवीण टंडन ने बीते दिन दोनों गांवों का दौरा किया और वहां की स्थिति का जायजा लेने के बाद ग्रामीणों को साथ लेकर न केवल मंत्री विक्रमादित्य सिंह बल्कि क्षेत्रीय विधायक और अन्य मंत्रियों को भी ग्रामीणों की समस्याओं से अवगत करवाया।

क्लब के सदस्यों ने सरकार को लिखित ज्ञापन सौंपकर मांग की है कि जल्द से जल्द उचित कार्रवाई करते हुए ग्रामीणों को राहत प्रदान की जाए।इस अवसर पर मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि उनकी समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा। उन्होंने स्थानीय प्रशासन और संबंधित विभागों को उचित दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं ताकि प्रभावित क्षेत्रों में जल्द से जल्द स्थायी समाधान खोजा जा सके।गांववासियों का कहना है कि यदि समय रहते भूमि धंसाव और दरारों की समस्या पर ध्यान नहीं दिया गया तो आने वाले दिनों में घरों और खेतों को और अधिक नुकसान हो सकता है। ग्रामीणों ने सरकार से मांग की है कि प्रभावित क्षेत्रों का तकनीकी सर्वे करवाया जाए और उन्हें पुनर्वास अथवा सुरक्षा संबंधी पुख्ता इंतजाम उपलब्ध कराए जाएं।

इस मौके पर पूर्व विधायक आशा कुमारी भी मौजूद रहीं। उन्होंने भी ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीर मानते हुए सरकार से त्वरित कार्रवाई की अपील की। बैठक में स्थानीय प्रशासन तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी भी उपस्थित रहे और उन्होंने मौके पर ही स्थिति का जायजा लिया।ग्रामीणों को अब सरकार और प्रशासन से ठोस कदम की उम्मीद है ताकि उनकी पीढ़ियों की जमीन और मकान सुरक्षित रह सकें और वे चैन की सांस ले सकें।
