भटियात की बेटी दीपिका कौशल ने पहली ही कोशिश में यूजीसी नेट जेआरएफ संस्कृत उत्तीर्ण कर रचा इतिहास

भटियात/ चुवाडी 08 फरवरी मुकेश कुमार (गोल्डी)
जिला चंबा के विधानसभा क्षेत्र भटियात की सुरपड़ा पंचायत के साहला गांव की किसान की बेटी दीपिका कौशल ने अपनी पहली ही कोशिश में यूजीसी नेट जेआरएफ (कोड–25, संस्कृत) परीक्षा उत्तीर्ण कर पूरे क्षेत्र का नाम रोशन किया है। एसटी श्रेणी में जिले से एकमात्र जेआरएफ चयनित अभ्यर्थी बनने की उपलब्धि ने दीपिका को युवाओं और ग्रामीण क्षेत्र की बेटियों के लिए प्रेरणा का प्रतीक बना दिया है। इस सफलता से जहां गांव में खुशी की लहर है, वहीं उनके माता-पिता का सीना गर्व से चौड़ा हो गया है।दीपिका के पिता पवन कुमार, जो पूर्व में ग्राम प्रधान रह चुके हैं और वर्तमान में किसान हैं, तथा माता रुमला देवी, जो चार बार प्रधान पद संभाल चुकी हैं, ने बेटी की उपलब्धि पर खुशी जाहिर की। उनका कहना है कि दीपिका बचपन से ही पढ़ाई में मेधावी रही हैं और उन्होंने कठिन परिश्रम, अनुशासन और निरंतर अभ्यास के बल पर यह मुकाम हासिल किया है।दीपिका की प्रारंभिक शिक्षा साहला स्कूल से हुई। इसके बाद उन्होंने संस्कृति यूनिवर्सिटी से संस्कृत विषय में उच्च शिक्षा प्राप्त की। आगे चलकर भोपाल से बीएड और एमएड की पढ़ाई के दौरान भी उन्होंने पढ़ाई के प्रति अपनी प्रतिबद्धता बनाए रखी। निरंतर मेहनत और लक्ष्य के प्रति समर्पण का ही परिणाम है कि उन्होंने यूजीसी नेट जेआरएफ जैसी प्रतिष्ठित परीक्षा में सफलता अर्जित की।दीपिका का सपना कॉलेज में प्रोफेसर बनकर संस्कृत जैसे समृद्ध विषय का प्रसार करना है। उनकी इस उपलब्धि पर घर और गांव में बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है। ग्रामीणों, शिक्षकों और युवाओं ने दीपिका को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि उनकी सफलता से भटियात क्षेत्र में शिक्षा के प्रति नया उत्साह पैदा हुआ है।