जिला कारागार चंबा में 173 बंदियों को मानसिक स्वास्थ्य के प्रति किया जागरूक

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चंबा, 10 अक्टूबर चंबा न्यूज़ एक्सप्रेस (ब्यूरो)
विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (डीएलएसए), चंबा की ओर से जिला कारागार चंबा में मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में कुल 173 बंदियों ने भाग लिया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बंदियों को मानसिक स्वास्थ्य के महत्व, भावनात्मक मजबूती तथा मानसिक तनाव से निपटने के सकारात्मक तरीकों के प्रति जागरूक करना रहा।कार्यक्रम में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, चंबा के सचिव एवं संसाधन व्यक्ति डॉ. करण हितेशी ने बंदियों को संबोधित किया। उन्होंने तनाव, चिंता, क्रोध, अकेलेपन और भावनात्मक परेशानी जैसी मानसिक स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि मानसिक स्वास्थ्य का ध्यान रखना प्रत्येक व्यक्ति के लिए आवश्यक है। समय रहते मानसिक तनाव के लक्षणों को पहचानकर उचित सहायता प्राप्त करने से समस्याओं से प्रभावी ढंग से निपटा जा सकता है।उन्होंने बंदियों को तनाव कम करने के लिए सकारात्मक तरीके अपनाने, आत्मसंयम बनाए रखने तथा जीवन के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण विकसित करने के लिए प्रेरित किया।

साथ ही कारावास की अवधि का उपयोग आत्मचिंतन, व्यवहार में सुधार और व्यक्तित्व विकास के लिए करने पर बल दिया।शिविर के दौरान बंदियों को मानसिक तनाव कम करने, एकाग्रता बढ़ाने और मन को शांत रखने के उद्देश्य से निर्देशित ध्यान (गाइडेड मेडिटेशन) के संक्षिप्त सत्र भी करवाए गए। इसके अतिरिक्त मानसिक स्वास्थ्य देखभाल अधिनियम, 2017 के प्रावधानों तथा उचित मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच के महत्व के बारे में जागरूक किया गया।कार्यक्रम में बंदियों को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से पात्र व्यक्तियों को उपलब्ध करवाई जाने वाली निःशुल्क विधिक सहायता एवं सलाह के बारे में भी जानकारी दी गई। इस दौरान बंदियों की गरिमा बनाए रखने, उनके पुनर्वास तथा समाज में सकारात्मक पुनःएकीकरण के महत्व पर विशेष जोर दिया गया।

डीएलएसए की इस पहल का उद्देश्य बंदियों के मानसिक एवं भावनात्मक कल्याण को बढ़ावा देना तथा उन्हें बिना किसी संकोच के आवश्यक सहायता प्राप्त करने के लिए प्रोत्साहित करना रहा।