तीसा नेगी राम हत्याकांड केससुलझाने में पुलिस जांच तेज, डॉग स्क्वायड की भी ली जा रही मदद

तीसा/ चम्बा 31 अगस्त मुकेश कुमार (गोल्डी)
उपमंडल चुराह के जुकयानी क्षेत्र में हुए बहुचर्चित नेगी राम हत्याकांड की जांच को आगे बढ़ाते हुए पुलिस ने रविवार को घटनास्थल और आसपास के क्षेत्रों में गहन छानबीन की। मामले की तह तक पहुंचने के लिए पुलिस अब तकनीकी और वैज्ञानिक साक्ष्यों का भी सहारा ले रही है। जांच टीम ने एसडीपीओ सलूणी रंजन शर्मा के नेतृत्व में मौका-ए-वारदात का निरीक्षण किया। इस दौरान डॉग स्क्वायड की विशेष मदद ली गई।डॉग स्क्वायड ने घटनास्थल के साथ-साथ आसपास के रास्तों को सूंघकर संदिग्धों के आने-जाने के संभावित मार्गों की तलाश की। पुलिस टीम ने घटनास्थल की घेराबंदी कर आसपास के क्षेत्रों और नजदीकी गांवों में भी छानबीन की। घरों के आसपास तथा रास्तों पर संभावित सुराग जुटाने का प्रयास किया गया।पुलिस का मानना है कि जांच के दौरान मिलने वाला कोई छोटा से छोटा सुराग भी हत्याकांड की गुत्थी सुलझाने में महत्वपूर्ण साबित हो सकता है।

नेगी राम की हत्या के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल है और ग्रामीण हत्याकांड में शामिल आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर मामले का पर्दाफाश करने की मांग कर रहे हैं।एसडीपीओ सलूणी रंजन शर्मा ने बताया कि पुलिस की विभिन्न टीमें लगातार मामले की जांच में जुटी हैं। उन्होंने कहा कि कोई भी महत्वपूर्ण सुराग पुलिस से न छूटे, इसके लिए डॉग स्क्वायड की मदद से घटनास्थल और आसपास के क्षेत्रों की जांच करवाई गई है। पुलिस संदिग्ध लोगों से पूछताछ कर रही है और जल्द ही मामले को सुलझाने का प्रयास किया जा रहा है।आरोपियों का हो सकता है पॉलीग्राफ टेस्टमामले में गिरफ्तार आरोपियों से लगातार पूछताछ के बावजूद अपेक्षित सहयोग नहीं मिलने पर पुलिस अब पॉलीग्राफ टेस्ट करवाने की दिशा में भी विचार कर रही है। इसके लिए आवश्यक प्रक्रिया पूरी की जा रही है। पॉलीग्राफ टेस्ट में पूछताछ के दौरान व्यक्ति की शारीरिक प्रतिक्रियाओं को रिकॉर्ड किया जाता है। हालांकि, ऐसे परीक्षण के लिए संबंधित कानूनी प्रक्रिया और आवश्यक सहमति का पालन करना होता है। पुलिस का प्रयास है कि वैज्ञानिक साक्ष्यों और पूछताछ के आधार पर हत्याकांड से जुड़े सभी पहलुओं को सामने लाया जा सके।